जामताड़ा। झारखंड प्रदेश स्वास्थ्य सहिया संघ के बैनर तले सोमवार को जामताड़ा समाहरणालय के समक्ष स्वास्थ्य सहियाओं ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया। धरने के बाद सहियाओं ने अपनी मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन उपायुक्त को सौंपा।
धरना समाप्त होने के बाद बड़ी संख्या में स्वास्थ्य सहियाएं समाहरणालय से स्वास्थ्य मंत्री सह स्थानीय विधायक डॉ. इरफान अंसारी के जामताड़ा स्थित आवास की ओर रैली के रूप में रवाना हुईं। इस दौरान सहियाओं ने विभिन्न मांगों को लेकर नारेबाजी की और अपनी आवाज बुलंद की।
मंत्री आवास पहुंचने पर डॉ. इरफान अंसारी के मौजूद नहीं रहने के कारण उनके मीडिया सलाहकार ने सहियाओं को संबोधित किया और उनकी मांगों को सुना।
फोन पर हुई मंत्री से वार्ता
इसी दौरान स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने फोन के माध्यम से संघ की जिला अध्यक्ष मिताली मंडल से बातचीत की। वार्ता के दौरान मंत्री ने सहियाओं की समस्याओं और मांगों पर चर्चा की तथा 6 सितंबर को मुलाकात के लिए समय देने की बात कही। मंत्री की ओर से सभी सहिया बहनों को उक्त बैठक में शामिल होने का आश्वासन भी दिया गया।
18 हजार रुपये फिक्स मानदेय की प्रमुख मांग
सहियाओं की प्रमुख मांगों में 18 हजार रुपये प्रतिमाह फिक्स मानदेय, सरकारी कर्मी का दर्जा, उच्च योग्यताधारी सहियाओं को एएनएम प्रशिक्षण तथा राज्य की नियुक्तियों में 50 प्रतिशत आरक्षण शामिल है।
इसके अलावा प्रत्येक सहिया को 10 लाख रुपये का बीमा कवर, वर्ष में दो बार ड्रेस के लिए राशि, यात्रा भत्ता, कोविड काल में किए गए कार्यों की बकाया राशि का भुगतान तथा सभी सहियाओं को टैब उपलब्ध कराने की मांग भी की गई।
सहियाओं ने प्रत्येक पंचायत में एंबुलेंस के साथ स्वास्थ्य उपकेंद्र, डॉक्टर एवं नर्स की व्यवस्था करने और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में हेल्प डेस्क की व्यवस्था करने की मांग भी रखी।
संघ की जिला अध्यक्ष मिताली मंडल ने कहा कि सहियाएं वर्षों से ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं को आम लोगों तक पहुंचाने का काम कर रही हैं। इसके बावजूद उनकी कई मांगें लंबे समय से लंबित हैं। उन्होंने सरकार से मांगों पर गंभीरता से विचार करते हुए जल्द सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की।
6 सितंबर को प्रस्तावित वार्ता को लेकर अब सहियाओं की नजर स्वास्थ्य मंत्री के साथ होने वाली बैठक पर टिकी है।









